महाराष्ट्र योगेश यादव
ठाणे। महाराष्ट्र के ठाणे जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां 17 वर्षीय किशोर की हत्या के मामले में पुलिस ने उसके ही दो नाबालिग साथियों को हिरासत में लिया है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि वारदात के पीछे सोने की चेन लूटने का कथित मकसद हो सकता है। इस खुलासे के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और स्थानीय लोग भी हैरान हैं कि जिस उम्र में बच्चे पढ़ाई और अपने भविष्य को संवारने की सोचते हैं, उसी उम्र में इतने गंभीर अपराध को अंजाम दिया गया।
पुलिस के अनुसार, मृतक किशोर कुछ दिनों पहले अचानक लापता हो गया था। परिवार वालों ने पहले अपने स्तर पर उसकी तलाश की, लेकिन जब उसका कोई सुराग नहीं मिला तो पुलिस में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और किशोर के दोस्तों, परिचितों तथा उसके आखिरी बार संपर्क में आए लोगों से पूछताछ की।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि किशोर को आखिरी बार उसके दो नाबालिग साथियों के साथ देखा गया था। इसके बाद पुलिस ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। शुरू में दोनों ने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन जब सबूतों और घटनाक्रम को उनके सामने रखा गया तो उनके बयान बदलने लगे। पुलिस को मिले तथ्यों के आधार पर हत्या का मामला साफ होता गया।
सूत्रों के मुताबिक, आरोपियों ने कथित तौर पर पहले से योजना बनाकर किशोर को अपने साथ सुनसान इलाके में बुलाया था। वहां किसी बात को लेकर विवाद हुआ और फिर उस पर हमला कर दिया गया। हमले में गंभीर रूप से घायल होने के कारण उसकी मौत हो गई। इसके बाद आरोपियों ने मामले को छिपाने और पुलिस को भ्रमित करने की कोशिश की, ताकि उन पर शक न जाए।
जांच में यह भी सामने आया है कि मृतक के गले में सोने की चेन थी, जिस पर आरोपियों की नजर थी। पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि क्या हत्या पूरी तरह लूट के इरादे से की गई थी या फिर इसके पीछे कोई पुरानी रंजिश अथवा अन्य कारण भी थे। फिलहाल अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं की बारीकी से जांच की जा रही है और अंतिम निष्कर्ष सबूतों के आधार पर ही निकाला जाएगा।
घटना की खबर मिलते ही मृतक के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि उनका बेटा किसी से दुश्मनी नहीं रखता था और उन्हें न्याय चाहिए। इलाके के लोगों ने भी इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है।
पुलिस ने दोनों नाबालिगों को बाल न्याय अधिनियम के तहत हिरासत में लिया है और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। मामले से जुड़े अन्य साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद चार्जशीट दाखिल की जाएगी और दोषियों को कानून के अनुसार सजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा।
यह घटना समाज के सामने कई गंभीर सवाल खड़े करती है। मामूली लालच और तेजी से पैसा पाने की चाहत किस तरह युवाओं को अपराध की राह पर धकेल रही है, यह मामला उसका बड़ा उदाहरण माना जा रहा है। वहीं, विशेषज्ञों का कहना है कि बच्चों और किशोरों की गतिविधियों पर परिवारों को अधिक ध्यान देने की जरूरत है, ताकि ऐसे अपराधों को समय रहते रोका जा सके।











