November 3, 2026 12:32 am

रेवाड़ी में पंचकूला से आई टीम ने शहर के ब्रास मार्केट में सड़क के लिए सैंपल।

रेवाड़ी 21मार्च चीफ ब्यूरो दीपक तिवारी

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

 

रेवाड़ी की ब्रॉस मार्केट में 10 माह पहले टूटी सड़क की जांच करने शुक्रवार को पंचकूला मुख्यालय से टेक्नीकल टीम पहुंची। तीन सदस्यीय टीम का नेतृत्व अधीक्षक अभियंता विजय गोयल ने किया। टीम करीब छह घंटे शहर में रूकी। टीम ने ब्रॉस मार्केट पहुंची और चार अलग-अलग जगह से सड़क के सैंपल लिए। अब जांच रिपोर्ट आने के बाद ही सड़क टूटने के कारणों का पता चल पाएगा।

सुबह आठ बजे पहुंची थी टीम

जानकारी के अनुसार एसई विजय गोयल की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय टीम शुक्रवार सुबह करीब आठ बजे रेवाड़ी पहुंच गई थी। टीम ने अधिकारियों के साथ ब्रॉस मार्केट की सड़कों का निरीक्षण किया। टीम ने चार अलग-अलग स्थानों से ब्रॉस मार्केट की सड़क के सैंपल लिए। टीम ने इस दौरान शहर में अलग अलग जगह चल रहे विकास कार्यों की भी समीक्षा की। टीम दोहपर करीब दो बजे पंचकूला के लिए रवाना हो गई। नगर परिषद ने टीम के दौरे को पूरी तरह से गोपनीय रखा।

पंचकूला से आए थे अधिकारी

जिला नगर आयुक्त ब्रह्मप्रकाश ने कहा कि ब्रॉस मार्केट में सड़क टूटने के मामले की जांच के लिए पंचकूला मुख्यालय से तकनीकी टीम रेवाड़ी आई थी। मीटिंग और ऑफिस कार्यों में दिनभर व्यस्त था।अपने दौरे के दौरान टीम कहां-कहां गई और क्या किया। फिलहाल इसकी जानकारी मेरे पास नहीं है।

दो बजे वापस गई वापस रवाना

नगर परिषद के कार्यकारी अभियंता अंकित वशिष्ठ ने कहा कि टीम ने सुबह 9 बजे निरीक्षण शुरू कर दिया था। टीम ने ब्रॉस मार्केट में सड़कों के चार जगह से सैंपल लिए। इसके बाद टीम दोहपर करीब दो बजे वापस पंचकूला के लिए रवाना हो गई। जांच रिपोर्ट आने तक इस बारे में कुछ नहीं कहा जा सकता।

10 माह में टूट गई थी सड़क

रेवाड़ी नगर परिषद ने 2025 में दो करोड़ रुपए खर्च कर ब्रॉस मार्केट में सीसी सड़कों का निर्माण करवाया था। निर्माण के करीब 10 माह के अंदर ब्रह्मगढ़ की तरफ जाने वाली सीसी रोड की रोडी बिखरने लगी थी। जिसे देखते ठेकेदार ने तारकोल डालना शुरू कर दिया था। जिसके बाद नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे थे। सबसे पहले इस खबर को भास्कर एप ने उठाया था। मामला उजागर होने पर निदेशालय ने निदेशालय की टीम से जांच करवाने का निर्णय लिया था।इन मामलों पर भी उठे सवाल इसके अलावा नगर परिषद द्वारा बाजार में बनाई जा रही सड़क के निर्माण पर भी सवाल उठे थे। निरीक्षण करने पहुंचे विधायक लक्ष्मण यादव ने भी निर्माण कार्य पर नाराजगी जताई थी। विपक्ष भी नगर परिषद में भ्रष्टाचार को लेकर सरकार को घेरता रहा है। 2026 की शुरूआत से नगर परिषद के साथ जुड़ा भ्रष्टाचार का जिन्न ईओ के ट्रांसफर और जेई व एकाउंटेंट के निलंबन के बाद भी शांत नहीं हो रहा है। तीन अस्पतालों को नियमों के विरूद्ध एनओसी देने, क्लर्क को छुटि्टयों का वेतन देने, 900 गज जमीन को प्रॉपर्टी आईडी में 50 गज दिखाने और स्कूल की सरकारी जमीन की प्रॉपर्टी आईडी प्राइवेट लोगों के नाम करने के मामला अब भी सुर्खियों में बना हुआ है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष शहरी ने अब शांति नगर की पांच प्रॉपर्टी आजाद नगर में बनाने का आरोप लगाकर नगर परिषद के अधिकारियों पर भ्रष्टाचार का नया बम फोड़ दिया है।

और पढ़ें

Cricket Live Score

Corona Virus

Rashifal

और पढ़ें