लखीमपुर खीरी, 25 अक्टूबर। पुलिस अधीक्षक संकल्प शर्मा के निर्देशन में तथा अपर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) पवन गौतम की अध्यक्षता में रिजर्व पुलिस लाइन स्थित संगोष्ठी कक्ष में SJPU व AHTU की मासिक समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक में बाल संरक्षण से जुड़े मामलों की समीक्षा करते हुए थाना स्तर पर त्वरित और संवेदनशील कार्रवाई पर विशेष बल दिया गया।बैठक में सीडब्ल्यूसी अध्यक्ष एस.पी. सिंह, श्रम प्रवर्तन अधिकारी प्रियंका वर्मा, शिक्षा विभाग के हृदयशंकर लाल श्रीवास्तव, चाइल्डलाइन की अंजुमन परवीन, वन स्टॉप सेंटर की विजेता गुप्ता, जिला बाल संरक्षण इकाई के प्रतिनिधि, एम-ट्रस्ट, बचपन बचाओ आंदोलन से जुड़े सदस्य सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। पिछली बैठक के कार्यवृत्तों के अनुपालन और थानों द्वारा सामने रखी गई चुनौतियों पर भी विस्तृत चर्चा हुई।बैठक में बाल श्रम, बाल भिक्षावृत्ति, बाल विवाह की रोकथाम, गुमशुदा बच्चों के त्वरित अनुवर्तन, नशामुक्ति से जुड़े अभियानों को मजबूत करने और पीड़ितों को त्वरित सहायता उपलब्ध कराने पर विशेष निर्देश दिए गए। साथ ही किशोर न्याय अधिनियम और पॉक्सो एक्ट के प्रावधानों का कड़ाई से पालन करने पर जोर दिया गया।अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि पॉक्सो मामलों में अभियोग पंजीकरण के 24 घंटे के भीतर CWC को सूचना उपलब्ध कराई जाए तथा आवश्यक फॉर्म-A और फॉर्म-B समय से संबंधित संस्थाओं को भेजे जाएं। जे.जे. एक्ट के तहत सोशल बैकग्राउंड रिपोर्ट, जेजे बोर्ड में सादे वस्त्रों में पेशी और उच्च न्यायालय से प्राप्त नोटिसों की समयबद्ध जानकारी देना भी अनिवार्य किया गया।अध्यक्ष पवन गौतम ने कहा कि बहु-विभागीय समन्वय ही बाल संरक्षण के संवेदनशील मामलों में प्रभावी कार्रवाई की कुंजी है। उन्होंने निर्देशों का कड़ाई से पालन और नियमित सूचना साझा करने पर जोर दिया। बैठक के अंत में आगामी मासिक बैठक के लिए कार्यसूची तय की गई और निर्धारित समय सीमा में अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!रिपोर्टर अनिल कुमार निघासन लखीमपुर खीरी











