निघासन खीरी। लालपुर पंचायत के बुद्धा पुरवा गांव स्थित रामदास बाबा मंदिर की चारों तरफ बनाई गई दीवार आंधी-तूफान में गिरने के बाद आज तक दोबारा नहीं बनाई गई है। ग्रामीणों ने बताया कि दीवार का निर्माण कार्य कुछ महीने पहले कराया गया था, लेकिन उसमें बेहद घटिया और कमजोर सामग्री का इस्तेमाल किया गया था। इसी कारण मामूली आंधी में ही पूरी दीवार गिर गई गांव के लोगों का कहना है कि निर्माण कार्य में घोर लापरवाही बरती गई थी। दीवार गिरने के बाद से मंदिर परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो चुकी है। श्रद्धालुओं को मंदिर में आने-जाने में परेशानी हो रही है और जानवर भी खुले में घुस आते हैं ग्रामीणों ने पंचायत प्रशासन से मांग की है कि मंदिर की दीवार का तत्काल पुनर्निर्माण कराया जाए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ जांच कर सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि यह मंदिर गांव की आस्था और श्रद्धा का प्रतीक है, इसलिए इसके पुनर्निर्माण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी बताया जा रहा है कि निर्माण के दौरान घटिया सामग्री का प्रयोग कर निजी लाभ कमाने की कोशिश की गई थी। पैसा कमाने की होड़ में लोग इतने अंधे हो गए हैं कि ‘राम वाटिका’ जैसी पवित्र जगह की बाउंड्री बनाते समय भी बेईमानी करने से नहीं चूके। यह केवल भ्रष्टाचार नहीं, बल्कि आस्था और सम्मान के साथ किया गया गंभीर खिलवाड़ है
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!रिपोर्टर अनिल कुमार, निघासन लखीमपुर खीरी











